कोलकाता |(एजेंसी) पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के नतीजों ने पूरे देश को चौंका दिया है। शुरुआती रुझानों और नतीजों में भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने ममता बनर्जी के ‘गढ़’ कहे जाने वाले बंगाल में प्रचंड बहुमत की ओर कदम बढ़ा दिए हैं। ताजा आंकड़ों के मुताबिक, भाजपा 188 सीटों पर बढ़त बनाए हुए है, जबकि 10 सीटों पर आधिकारिक तौर पर पार्टी की जीत घोषित हो चुकी है। मतगणना अभी जारी है और अंतिम नतीजों तक सीटों के आंकड़ों में बदलाव संभव है।

ममता का ‘किला’ ढहा, सुवेंदु का जादू चला
बंगाल में 15 सालों से सत्ता पर काबिज तृणमूल कांग्रेस (TMC) के लिए यह चुनाव किसी बड़े झटके से कम नहीं है। 294 सीटों वाली विधानसभा में बहुमत का आंकड़ा 148 है, जिसे भाजपा ने रुझानों में काफी पीछे छोड़ दिया है। भाजपा की इस आंधी में टीएमसी 100 के आंकड़े के नीचे सिमटती नजर आ रही है।
परिवर्तन की लहर?
राजनीतिक विशेषज्ञों का मानना है कि इस बार बंगाल की जनता ने ‘परिवर्तन’ के नारे को हकीकत में बदल दिया है। भ्रष्टाचार के आरोप, महिला सुरक्षा के मुद्दे और एंटी-इंकंबेंसी ने टीएमसी को भारी नुकसान पहुंचाया है। वहीं, सुवेंदु अधिकारी के नेतृत्व में भाजपा का आक्रामक चुनाव प्रचार रंग लाता दिख रहा है।
भाजपा मुख्यालय में जश्न का माहौल
बंगाल के कोलकाता स्थित भाजपा कार्यालय के बाहर समर्थकों का हुजूम उमड़ पड़ा है। कार्यकर्ता ‘जय श्री राम’ और ‘आर नोय अन्याई’ (अब और अन्याय नहीं) के नारों के साथ अबीर-गुलाल उड़ा रहे हैं। पार्टी के वरिष्ठ नेताओं का कहना है कि यह “बंगाल के गौरव की बहाली” की शुरुआत है।

