सरगुजा (AkhandBharatHNKP.Com)। अंबिकापुर में प्राइवेट लक्ष्मी नारायण हॉस्पिटल के बाहर विरोध प्रदर्शन के दौरान स्थानीय पत्रकार से मारपीट के मामले में कोतवाली पुलिस ने तीन लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है।
घटना की जानकारी मिलते ही कांग्रेस नेता भी थाने पहुंचे। छत्तीसगढ़ कांग्रेस ने सोशल मीडिया पर घटना का वीडियो साझा करते हुए इसे सत्ताधारी भाजपा नेताओं की गुंडागर्दी करार दिया है। जानकारी के अनुसार, गुदरी गली विजय मार्ग स्थित लक्ष्मी नारायण हॉस्पिटल के सामने ट्रांसफार्मर लगाए जाने को लेकर विवाद की स्थिति निर्मित हो गई थी। शिकायत मिलने पर नगर निगम आयुक्त ने विद्युत विभाग के कार्यपालन अभियंता (ईई) को ट्रांसफार्मर हटाने के संबंध में पत्र लिखा था। विवाद के दौरान मौके पर रिपोर्टिंग कर रहे स्थानीय पत्रकार सुशील बखला के साथ कुछ युवकों ने कथित रूप से मारपीट की। भीड़ बढऩे पर डॉक्टर प्रतीक खरे और एक महिला डॉक्टर पर भी हमले की कोशिश की गई। इसी दौरान पत्रकार सुशील बखला पर हमला किया गया। बीच-बचाव कर रहे एक अन्य पत्रकार सुमित सिंह का चश्मा टूट गया और उन्हें भी चोटें आईं। घटना के समय थाना प्रभारी सहित पुलिस बल मौके पर मौजूद था।
सुशील बखला ने बताया कि वे महिला डॉक्टर को बचाने का प्रयास कर रहे थे, तभी युवकों ने उन पर हमला कर दिया। घटना के विरोध में बड़ी संख्या में पत्रकार कोतवाली थाने पहुंचे और तत्काल एफआईआर दर्ज करने की मांग को लेकर धरने पर बैठ गए। पुलिस द्वारा मामला दर्ज किए जाने के बाद प्रदर्शन समाप्त कर दिया गया।

