कोरबा (AkhandBharatHNKP.Com)। आगामी खरीफ सीजन को देखते हुए जिले में उर्वरक की उपलब्धता और कालाबाजारी पर रोक लगाने के लिए जिला प्रशासन एवं कृषि विभाग ने खाद दुकानों पर ताबड़तोड़ कार्रवाई शुरू कर दी है। जिले की सहकारी एवं निजी उर्वरक दुकानों का औचक निरीक्षण किया गया, जिसमें कई अनियमितताएं सामने आने पर नोटिस जारी किए गए और कार्रवाई की गई।

जिला कलेक्टर कुणाल दुदावत के निर्देश पर चलाए जा रहे अभियान के तहत कृषि विभाग की टीम ने 29 मई को जिले की 18 दुकानों की जांच की। निरीक्षण के दौरान 6 दुकानों में नियमों के उल्लंघन पाए जाने पर कारण बताओ नोटिस जारी किए गए, जबकि एक दुकान पर विक्रय प्रतिबंध लगाया गया। इसके अलावा पाली क्षेत्र के सिरली स्थित सिद्धी विनायक ट्रेड्स से अवैध रूप से भंडारित 56 बोरी यूरिया जब्त की गई। कृषि विभाग के उप संचालक डी.पी.एस. कंवर ने बताया कि खरीफ 2026 को देखते हुए विभाग विशेष सतर्कता बरत रहा है। एक अप्रैल 2026 से अब तक जिले के 115 सहकारी एवं निजी उर्वरक प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया जा चुका है। इस दौरान 28 दुकानों को कारण बताओ नोटिस जारी किए गए, जबकि 5 निजी दुकानों पर 21 दिनों के लिए विक्रय प्रतिबंध लगाया गया है।
खाद खरीदते समय पक्का बिल लेने की अपील
जिला प्रशासन ने किसानों से खाद खरीदते समय पक्का बिल लेने की अपील की है। प्रशासन ने कहा है कि यदि कोई दुकानदार निर्धारित मूल्य से अधिक राशि वसूलता है या बिल देने से इनकार करता है तो इसकी शिकायत संबंधित विकासखंड कृषि अधिकारी अथवा जिला स्तरीय कंट्रोल रूम में तत्काल दर्ज कराई जाए। कृषि विभाग ने स्पष्ट किया है कि किसानों को उचित मूल्य पर गुणवत्तापूर्ण खाद और उर्वरक उपलब्ध कराने के लिए आकस्मिक निरीक्षण एवं निगरानी अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।

