
पंडरीपानी में रक्षाबंधन एवं बहनों से संवाद कार्यक्रम में हुए शामिल, बहनों ने बांधी राखी, महतारी सदन और सड़क निर्माण की घोषणाएं
रायपुर (AkhandBharatHNKP.Com)। रक्षाबंधन के अवसर पर जशपुर जिले के फरसाबहार विकासखंड के ग्राम पंडरीपानी में भाई-बहन के स्नेह और आत्मीयता का अनूठा दृश्य देखने को मिला। यहां आयोजित रक्षाबंधन एवं बहनों से संवाद कार्यक्रम में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय शामिल हुए। क्षेत्र की महिलाओं ने मुख्यमंत्री की कलाई पर राखी बांधकर रक्षाबंधन का पर्व मनाया। मुख्यमंत्री ने भी बहनों को उपहार भेंट कर उनके प्रति स्नेह और सम्मान व्यक्त किया।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि रक्षाबंधन केवल भाई-बहन के प्रेम का पर्व नहीं, बल्कि बहनों के सम्मान, सुरक्षा और बेहतर भविष्य के प्रति जिम्मेदारी को दोहराने का अवसर भी है। उन्होंने कहा कि महिलाओं का सम्मान और सशक्तिकरण ही समृद्ध छत्तीसगढ़ की मजबूत आधारशिला है। मुख्यमंत्री ने पंडरीपानी में करीब 64 लाख रुपए के विभिन्न विकास कार्यों का लोकार्पण और भूमिपूजन किया। इसमें महतारी सदन का लोकार्पण भी शामिल रहा। उन्होंने कहा कि महतारी सदन महिलाओं के लिए बैठक, प्रशिक्षण और आजीविका गतिविधियों का महत्वपूर्ण केंद्र बनेगा। मुख्यमंत्री ने फरसाबहार और भेलवा में भी महतारी सदन के निर्माण की घोषणा की। इसके अलावा मुख्य मार्ग से दानी मोड़ा बस्ती तक सड़क निर्माण के लिए 3 करोड़ 23 लाख रुपए की स्वीकृति की जानकारी दी।

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने महतारी वंदन योजना को महिला सशक्तिकरण की दिशा में महत्वपूर्ण पहल बताया। उन्होंने कहा कि योजना के तहत प्रदेश की महिलाओं को हर महीने एक हजार रुपए की आर्थिक सहायता दी जा रही है, जिससे उन्हें अपनी जरूरतों के लिए आर्थिक आत्मविश्वास मिल रहा है। मुख्यमंत्री ने बताया कि रक्षाबंधन के मद्देनजर प्रदेश की 67 लाख से अधिक माताओं-बहनों के खातों में 31वीं किस्त के रूप में 631 करोड़ रुपए से अधिक की राशि अंतरित की गई है। सितंबर की राशि अग्रिम रूप से जारी किए जाने से बहनों को त्योहार के दौरान आर्थिक सहायता मिल सकी। कार्यक्रम में कलेक्टर रोहित व्यास, एसएसपी डॉ. लाल उमेद सिंह, जिला पंचायत सीईओ अभिषेक कुमार सहित जनप्रतिनिधि, अधिकारी और बड़ी संख्या में क्षेत्र की माताएं-बहनें मौजूद रहीं।
महिला समूहों को आजीविका बढ़ाने आर्थिक मदद
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने महिला स्व-सहायता समूहों को आजीविका गतिविधियों के विस्तार के लिए सहायता राशि के चेक भी प्रदान किए। मोंगरा स्व-सहायता समूह, भगोरा; वैष्णवी स्व-सहायता समूह और चांद स्व-सहायता समूह, कंदईबहार को 1.50-1.50 लाख रुपए, जबकि प्रतिज्ञा समूह, बड़ा बस्ती को 1 लाख रुपए की सहायता दी गई। मुख्यमंत्री ने कहा कि स्व-सहायता समूह ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के साथ महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।
बेटियों के भविष्य और संपत्ति अधिकार पर भी जोर
कार्यक्रम में सुकन्या समृद्धि योजना के तहत बालिका मीनाक्षी यादव और श्रेया पैंकरा को खाता पासबुक प्रदान की गई। वहीं, स्वामित्व योजना के तहत पांच हितग्राहियों को अधिकार अभिलेख वितरित किए गए। मुख्यमंत्री ने कहा कि बेटियों को शिक्षा, सुरक्षा और आगे बढऩे के समान अवसर देना सरकार की प्राथमिकता है। वहीं, स्वामित्व योजना से ग्रामीण परिवारों को उनकी संपत्ति का दस्तावेजी अधिकार और सुरक्षा मिल रही है।
ऑनलाइन सेवाओं से आसान हो रहा शासन
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि सरकार सुशासन को मजबूत करने के लिए तकनीक का उपयोग कर रही है। सेवा सेतु के माध्यम से 36 विभागों की 700 से अधिक सेवाएं ऑनलाइन उपलब्ध कराई गई हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में वित्तीय सेवाओं की पहुंच बढ़ाने के लिए अटल डिजिटल सेवा केंद्र शुरू किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि जनसमस्याओं के त्वरित समाधान के लिए मुख्यमंत्री हेल्पलाइन 1076 भी शुरू की गई है। सरकार का प्रयास है कि योजनाओं और सेवाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक सरलता और पारदर्शिता के साथ पहुंचे।
प्रदेश की बहनों के विष्णु भैया हैं मुख्यमंत्री : गोमती साय
कार्यक्रम में पत्थलगांव विधायक गोमती साय ने मुख्यमंत्री का आभार जताते हुए कहा कि प्रदेश सरकार महिलाओं के सम्मान और आर्थिक स्वावलंबन को प्राथमिकता दे रही है। महतारी वंदन योजना और महतारी सदन जैसी पहल से महिलाओं को आगे बढऩे के नए अवसर मिल रहे हैं। उन्होंने पंडरीपानी में एसबीआई की शाखा शुरू होने को भी क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण सौगात बताया। गोमती साय ने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णु देव साय पूरे छत्तीसगढ़ की बहनों के विष्णु भैया हैं और उनके सम्मान, सुरक्षा, स्वावलंबन एवं कल्याण के लिए लगातार काम कर रहे हैं।

