दक्षिण व मध्य छत्तीसगढ़ में भारी भारी बारिश, नदी-नाले उफान पर, आज प्रदेशभर के स्कूलों में अवकाश

      Date:

      • 24 घंटे में जगदलपुर में 316 और रायपुर में 207 मिमी बारिश

      रायपुर (AkhandBharatHNKP.Com)। भादो के महीने में छत्तीसगढ़ में सावन जैसी झड़ी लगी हुई है। पिछले तीन दिनों से प्रदेश के बड़े हिस्से में लगातार बारिश हो रही है। दक्षिण और मध्य छत्तीसगढ़ में बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया है। बीते 24 घंटे में जगदलपुर में सबसे अधिक 316 मिलीमीटर और रायपुर में 207 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। कई इलाकों में भारी बारिश के कारण नदी-नाले उफान पर हैं, जबकि शहरों की सड़कों और निचले इलाकों में पानी भर गया है। भारी बारिश को देखते हुए प्रदेश सरकार ने 26 सितम्बर को प्रदेशभर के स्कूलों में अवकाश घोषित किया है।

          लगातार बारिश

          मौसम विभाग के अनुसार बस्तर संभाग के साथ रायपुर, दुर्ग और राजनांदगांव संभाग के कई जिलों में भारी से अतिभारी बारिश हुई है। इसके मुकाबले सरगुजा और बिलासपुर संभाग में बारिश का असर फिलहाल कम रहा है। हालांकि शनिवार को मौसम का प्रभाव उत्तर की ओर बढऩे की संभावना है। पिछले 24 घंटे के दौरान बस्तर संभाग के कई क्षेत्रों में मूसलाधार बारिश हुई। लोहंडीगुड़ा में 230 मिमी, बास्तानार और नानगुर में 220 मिमी, भानपुरी और मरदापाल में 210 मिमी, तोकापाल और माकड़ी में 200 मिमी, बस्तर और केशकाल में 190 मिमी तथा बड़े बचेली में 180 मिमी बारिश दर्ज की गई। इसके अलावा देवभोग, कोहकामेट, अंतागढ़, मैनपुर, धनोरा, अमलीपदर, नारायणपुर, दरभा, ओरछा, बकावंड, छिंदगढ़ और कोंडागांव सहित कई इलाकों में 150 से 170 मिमी तक बारिश हुई। बस्तर के अन्य क्षेत्रों के साथ रायपुर, दुर्ग और गरियाबंद में भी 100 से 140 मिमी तक बारिश दर्ज की गई। प्रदेश में पिछले 24 घंटे के दौरान औसतन करीब 74 मिमी बारिश दर्ज की गई। इससे राज्य में कुल वर्षा का आंकड़ा 1123 मिमी से अधिक पहुंच गया है। लगातार हो रही बारिश से सामान्य वर्षा के मुकाबले जो कमी बनी हुई थी, वह भी काफी हद तक कम हुई है।

          अगले 12 घंटे तक सक्रिय रहेगा मौसम

          मौसम विभाग के अनुसार दक्षिण छत्तीसगढ़ और उससे लगे दक्षिण आंतरिक ओडिशा के ऊपर गहरे अवदाब का क्षेत्र बना हुआ है। यह करीब 15 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ रहा है। इसके अगले 12 घंटे तक अपनी तीव्रता बनाए रखने की संभावना है। इसके बाद यह कमजोर होकर निम्नदाब क्षेत्र में बदल सकता है। मौसम तंत्र के आगे बढऩे के साथ शनिवार को भारी बारिश का प्रभाव उत्तर-पश्चिम दिशा की ओर बढऩे की संभावना है। सरगुजा, बिलासपुर, दुर्ग और रायपुर संभाग के कई जिलों में भारी बारिश हो सकती है।

          बारिश के कारण आज स्कूल बंद

          प्रदेश में लगातार हो रही भारी बारिश और जलभराव की स्थिति को देखते हुए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने शनिवार, 26 सितंबर को प्रदेश के सभी स्कूलों में अवकाश घोषित करने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए यह निर्णय लिया है। उन्होंने कहा कि भारी बारिश के कारण कई क्षेत्रों में जलभराव के साथ नदी-नालों का जलस्तर बढ़ सकता है और आवागमन प्रभावित हो सकता है। ऐसे में स्कूली बच्चों को किसी तरह का जोखिम न उठाना पड़े, इसलिए प्रदेशभर के विद्यालयों में अवकाश रखा गया है। प्रशासन को भी मौसम की स्थिति पर लगातार नजर रखने और पूरी तरह सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं।

          महानदी का बढ़ा जलस्तर, गंगरेल बांध से छोड़ा जा रहा पानी

          लगातार 72 घंटे से हो रही मूसलाधार बारिश के बाद राजिम में महानदी का जलस्तर तेजी से बढ़ गया है। त्रिवेणी संगम क्षेत्र में नदी का पानी फैलने से कुलेश्वरनाथ महादेव मंदिर का चबूतरा जलमग्न हो गया है। मंदिर का आधे से अधिक हिस्सा भी पानी में डूबा नजर आ रहा है। गंगरेल जलाशय से करीब 3 लाख क्यूसेक, सिकासार से 20 हजार क्यूसेक और सोंढूर क्षेत्र से करीब 42 हजार क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा है। जलस्तर बढऩे के साथ नदी की धार भी तेज हो गई है। प्रशासन और स्थानीय लोग स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। बारिश जारी रहने और जलाशयों से पानी की निकासी बढऩे पर जलस्तर और बढऩे की आशंका है। लोगों को नदी, घाट और जलमग्न क्षेत्रों के पास जाने से बचने की सलाह दी गई है।

          छत्तीसगढ़ में झमाझम बारिश से बिगड़े हालात, 28 जिलों में अलर्ट, बस्तर में स्कूल बंद

              Share post:

              Popular

              More like this
              Related